जनलोक पाल बिल पे,
अपने कारनामों की वजह से,
पहले भड़के लालू, मुलायम भैया जी,
अब भड़की सोनिया लाली है,
पहले लगता था दाल में काला,
अब लगता सारी दाल ही काली है.
जनतंत्र पर हो गया नेता तंत्र भारी,
जनता के हिस्से महंगाई तंगहाली है."रैना"
अपने कारनामों की वजह से,
पहले भड़के लालू, मुलायम भैया जी,
अब भड़की सोनिया लाली है,
पहले लगता था दाल में काला,
अब लगता सारी दाल ही काली है.
जनतंत्र पर हो गया नेता तंत्र भारी,
जनता के हिस्से महंगाई तंगहाली है."रैना"
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें