सोच ले जरा क्यों मिली जिन्दगी,
तभी मिली जिन्दगी तू कर बन्दगी,
बन्दगी से तेरा होगा कल्याण,
सफर ऐ जिन्दगी होगा आसान।
होगा कल्याण तेरा होगा कल्याण .......
बन्दगी क्या है इस का भी ध्यान कर,
हर जीव का मन से मान सम्मान कर,
हर शै में तू इक रब को ही जान।
होगा कल्याण तेरा होगा कल्याण .......
उलझा रहता है न तुझको ख्याल है,
सोच ले लाख चौरासी का सवाल है,
अपना भी कुछ तू कर ले घ्यान।
होगा कल्याण तेरा होगा कल्याण .......
खत्म न होता कोई भी काम पूरा रे,
एक होता पूरा दूजा रहता अधूरा रे,
हर पल मनवा रहता परेशान।
होगा कल्याण तेरा होगा कल्याण .......
"रैना" तू रंग जा नाम के रंग में,
कर बदलाव अपने जीने के ढंग में,
छोड़ दे मोह माया अभिमान।
होगा कल्याण तेरा होगा कल्याण .......
सुप्रभात जी good morning ji
तभी मिली जिन्दगी तू कर बन्दगी,
बन्दगी से तेरा होगा कल्याण,
सफर ऐ जिन्दगी होगा आसान।
होगा कल्याण तेरा होगा कल्याण .......
बन्दगी क्या है इस का भी ध्यान कर,
हर जीव का मन से मान सम्मान कर,
हर शै में तू इक रब को ही जान।
होगा कल्याण तेरा होगा कल्याण .......
उलझा रहता है न तुझको ख्याल है,
सोच ले लाख चौरासी का सवाल है,
अपना भी कुछ तू कर ले घ्यान।
होगा कल्याण तेरा होगा कल्याण .......
खत्म न होता कोई भी काम पूरा रे,
एक होता पूरा दूजा रहता अधूरा रे,
हर पल मनवा रहता परेशान।
होगा कल्याण तेरा होगा कल्याण .......
"रैना" तू रंग जा नाम के रंग में,
कर बदलाव अपने जीने के ढंग में,
छोड़ दे मोह माया अभिमान।
होगा कल्याण तेरा होगा कल्याण .......
सुप्रभात जी good morning ji
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