sufi tadka
शनिवार, 3 मार्च 2012
dil todne me mahir
दिल तोड़ने में माहिर बहुत,
तेरे शहर के लोग यारा.............."रैना"
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें
नई पोस्ट
पुरानी पोस्ट
मुख्यपृष्ठ
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें