sufi tadka
शनिवार, 14 अप्रैल 2012
टूटे सपने भी सजाये जा सकते है,
उजड़े आशिया बसाये जा सकते है,
दिल में चाहत लगन लगी हो "रैना"
पत्थर पे फूल खिलाये जा सकते है....."रैना"
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