sufi tadka
बुधवार, 21 दिसंबर 2016
वैष्णो माँ की जय जय
जो माँ मिले तेरा सहारा,
मिल जाये फिर किनारा,
तेरे दीद की तलब माँ जी,
मैं जपु माँ नाम तुम्हारा। रैना"
सुपभात जी ---जय जय माँ
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