बुधवार, 27 जून 2012

milne ki tmnna

मिलने की तमन्ना मगर मिले फुरसत ही नही,
कैसे मिल ले इंतजार की अपनी आदत ही नही।
कैसे मिल ले .............
तेरे अन्दाज है काबिल ए तारीफ सुलझे हुए,
हम अपने ही बनाये फंदे में है उलझे हुए,
बेवजह मसरूफ मिलती हमें मोहलत ही नही।
कैसे मिल ले।...........................
बेशक भटका मुसाफिर कारवां से छूट गया,
चमकता सितारा आसमान से है टूट गया,
कंगाल हीरे का व्यापारी बची दौलत ही नही।
कैसे मिल ले।............................................"रैना"

सोमवार, 25 जून 2012

har hasrat jajbat

गीत
कुछ तेरे बारे में ही कहते है,
ये परिंदे जो बोलते रहते है,
बेशक जा सागर में मिलते,
 दरिया जो बेपरवा बहते है।
आजकल बेवफा कामयाब,
बावफा अक्सर दुःख सहते है।
अब ये अदा इस जमाने की,
आशिकों पे जुल्म ढहते है।
रैना  किसी को दुःख न देता,
फिर भी लोग उसे बुरा कहते है।

शनिवार, 23 जून 2012

jkhmom pe marham

जख्मों पे मरहम लगाये कभी दाग धोने लगे,
हम तो हो गये पागल हंसने कभी रोने लगे।
हम तो हो गये.................................
दिल में दर्द इधर न रहा तो उधर न रहा,
बेसब्र लोग है अब किसी को सब्र न रहा,
यही तो परेशानी होशो हवास खोने लगे।
हम तो हो गये...............................
अब चली हवा ऐसी यार को भी सजा देते,
मतलबी हमनवा मौका लगते ही दगा देते,
दुखी तेरी दुनिया से चैन की नींद सोने लगे।
हम तो हो गये............................................"रैना"

dil me aag bahut

सूफी गीत
दिल की आग तुझको जला देगी,
तेरी मैं मैं हस्ती को मिटा देगी।
दिल की आग ..................
दरिया देखे मगर समुंदर नही देखा,
तुने झांक कर अपने अन्दर नही देखा,
देख सोते हुए मन को जगा देगी।
दिल की आग।......................
जीवन का रास्ता तब आसान होगा,
रिन्द पे जब साकी मेहरबान होगा,
वीरान बगिया फिर महका देगी।
दिल की आग।..................."रैना"

शनिवार, 16 जून 2012

bhartwarsh men

भारतवर्ष में ???????????
राजनीति में ??????
चम्मचागिरी का इनाम????
कुछ इस तरह मिलता है,
बुढ़ापे में नेता ?????????
राज्यपाल या
राष्ट्रपति बनता है। ........."रैना"

kbhi fursat men mere bare

कभी गर्दिश भरे दिन का फ़िकर करना,
मिले फुरसत मिरा ख़ुद से ज़िकर करना,
नसीब कभी नही बदला करे रैना"
मिला है जो उसी में तू सबर करना।..........."रैना'

शनिवार, 9 जून 2012

ik din pinjra

इक दिन पिंजरा टूटेगा,
कैद परिंदा छूटेगा.
बेशक ये तो सच्चाई.
माली गुलशन लूटे गा।....."रैना" 

chammchagiri me gun

चम्मचागिरी में गुण बहुत सदा इसे अपनानाओ,
प्रमोशन मिलता  समय से मर्जी से छुट्टी पाओ.
काम के प्रति इमानदार की अब हालात खराब है,
चम्मचे की जय जयकार हर जगह कामयाब है।
ये तो भारतवर्ष का इतिहास ही बतलाता है,
राजनीति और चम्मचागिरी का गहरा नाता है,
इमानदार जनता का प्यारा नेता धक्के खाता है,
बिना चुनाव लड़े  नेता प्रधानमंत्री बन जाता है।
फिर वो देश नही चलता  सिर्फ पूंछ हिलाता है,
मजबूर जनता दे वास्ते कुछ भी कर न पाता है।
गुलाम देश के आजाद भारतीयों अब तो मान जाये,
चम्मचागिरी को कामयाबी का हथियार न बनाये।............."रैना"

शनिवार, 2 जून 2012

 दिल का घर साधू के डेरे जैसा।

मैं न कभी हो सकता तेरे जैसा
तू सूरज मैं हु अन्धेरे  जैसा,
मुझको ये तो विशवास नही होता,
कुछ अन्दाज तिरा है मेरे जैसा।
रैना"खुश रहता इतना ये सोच के,
 दिल का घर साधू के डेरे जैसा।