sufi tadka
गुरुवार, 9 फ़रवरी 2012
tujhko pane ki
तुझको है पाने की हसरत,
गुलशन महकाने की हसरत,
कोई न सुने मेरी पीड़ा,
दुःख दर्द सुनाने की हसरत.
मैं मैं से तोडा है नाता,
तू यार बनाने की हसरत."रैना"
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