गुरुवार, 28 जुलाई 2011

bikharte

टूट तो जाते मगर बिखरते नही है,
आशिक इतनी जल्दी मरते नही है.
ता उमर तड़फते सुबकते ही रहते,
दिल पे लगे जख्म कभी भरते नही है.
उन्हें तो बहकने में ही मजा आये,
मय के दीवाने तो संभलते नही है.
किसी भी कीमत पे मै खरीद लेता,
मगर नसीब बाजार में मिलते नही है.
वक्त देख कर लोहा भी पिघल जाता,
पत्थर दिल हुस्न वाले पिघलते नही है.
पहले तो बहुत थे उससे डरने वाले,
मगर अब लोग खुदा से डरते नही है. "रैना"

मंगलवार, 19 जुलाई 2011

keda gam

dass keda gam tanu khai jada ve,
teriya aakha vicho nid udai jada ve.

mukhde da rup gya buliya to hasa ve,
kon aakhiya nu rona sikhi jada ve.

maut to vi aokhi haye ishke di rah ve,
kanu jinddi bhulekheya vich pai jada ve.

ethe dil da dard koi nhi o sunda,
kanu patthra nu dil di sunai jada ve.

gma vich dub "raina" ho je ga tabah ve,
kyo tu har gall nu dil ute lai jada ve. "raina"

मंगलवार, 12 जुलाई 2011

krib sahil

मुझे संकोच नही ये बताने में,
दर्द दफ़न है दिल के तहखाने में.
करीब साहिल के मेरी कश्ती डूबी,
मुझ सा बदनसीब नही कोई जमाने में.
इस से बुरा और भला क्या होगा,
तबीबो ने जख्म दिया दवाखाने में.
रो रो कर के भी सच नही कहते,
लोग माहिर है अब राज छुपाने में.
वो फिर भी है मेरे ख्वाबों में आते,
उमर गुजारी है जिन्हें भुलाने में.
मुझे देख कर वो हंस के बोले,
मजा आता है तुम्हे सताने में.
पीने वालो जरा संभल के पीना,
जहर बिकता है अब मयखाने में.
तलब थी तुझे आखिरी बार देखू,
मगर देर कर दी तूने आने में.
तड़फ परवाने की तो वही जाने,
"रैना"मजा आता खुद कों मिटाने में. "रैना"

शनिवार, 9 जुलाई 2011

khta jfa

मेरी वफा कों तू चाहे खता, जफा समझे,
मगर मेरा दिल तुझे अपना खुदा समझे.
सच मेरी सांसे है तेरी ही सांसों से जाना,
बेशक तू जान कों जिस्म से जुदा समझे.
इंसानों की बस्ती में वफा तो बसनी चाहिए,
मगर ये बात न इस शहर के नाखुदा समझे.
बेशक हवा के रुख कों न समझ सका कोई,
मगर तूफान की नीयत कों ये हवा समझे.
"रैना"का हर कर्म तो है सिर्फ तेरे खातिर,
मगर तू उसका हर कर्म क्यों खता समझे. "रैना"